Vastu Shastra In Hindi: जब किसी घर में सच्ची श्रद्धा, पवित्रता और सकारात्मक ऊर्जा होती है, तो ऐसा माना जाता है कि उस घर में भगवान का वास होता है। हमारे शास्त्रों और वास्तु शास्त्र में कुछ ऐसे संकेत बताए गए हैं जो यह दर्शाते हैं कि घर में दैवीय शक्ति और ईश्वर की कृपा बनी हुई है। ये संकेत अचानक घटित होने वाली घटनाओं, घर के वातावरण और परिवार के सदस्यों के जीवन में आने वाले बदलावों के रूप में दिखाई देते हैं। अगर आपके घर में भी ऐसे संकेत दिख रहे हैं तो समझ लीजिए कि भगवान की दृष्टि आप पर बनी हुई है और आपका घर आशीर्वाद से भरा हुआ है।
प्रश्न 1: क्या हाथ से दूध का गिलास गिरना सच में शुभ संकेत होता है?
Answer: जी हाँ, हमारे शास्त्रों में हाथ से दूध का गिलास गिरना एक शुभ संकेत माना गया है। ऐसा कहा जाता है कि दूध को भगवान का प्रसाद माना जाता है और जब यह अपने आप या अचानक गिर जाए तो इसका मतलब है कि घर में किसी बड़े संकट को भगवान ने टाल दिया है। यह एक तरह की “बलि” मानी जाती है जो बुरे समय को रोकती है। इसलिए दूध गिरने पर दुखी होने की जरूरत नहीं बल्कि भगवान को धन्यवाद देना चाहिए।
प्रश्न 2: तुलसी का पौधा अचानक सूख जाए तो क्या यह बुरा संकेत है?
Answer: वास्तु शास्त्र और हिंदू मान्यताओं के अनुसार तुलसी का पौधा अचानक सूख जाना यह दर्शाता है कि उस पौधे ने घर पर आने वाली किसी बड़ी मुसीबत या नकारात्मक ऊर्जा को खुद में समेट लिया और घर की रक्षा की। यह माना जाता है कि तुलसी का पौधा घर की नकारात्मकता को खुद में खींच लेता है। इसलिए सूखे हुए तुलसी के पौधे को सम्मान के साथ किसी नदी या पवित्र स्थान पर रखें और नया पौधा लगाएं।
प्रश्न 3: जिस घर में भगवान का वास होता है उस घर के लोगों को क्या मिलता है?
Answer: जिस घर में भगवान का वास होता है उस घर के लोगों को मानसिक शांति, आपसी प्रेम, स्वास्थ्य, समृद्धि और जीवन में सफलता मिलती है। ऐसे घर के लोगों के बीच कभी बड़े झगड़े नहीं होते, रिश्तों में मिठास बनी रहती है। घर का माहौल हमेशा सकारात्मक और खुशहाल रहता है। बाहर से आने वाले लोग भी ऐसे घर में आकर सुकून और ताजगी महसूस करते हैं।
प्रश्न 4: घर में भगवान का वास बनाए रखने के लिए क्या करना चाहिए?
Answer: घर में भगवान का वास बनाए रखने के लिए सबसे पहले घर की साफ-सफाई पर ध्यान देना जरूरी है। रोज सुबह घर के मंदिर में दीपक जलाएं, अगरबत्ती लगाएं और भगवान का ध्यान करें। घर में झूठ, क्लेश और नकारात्मक बातों से दूर रहें। तुलसी के पौधे की नियमित देखभाल करें। घर के दरवाजे पर गंगाजल छिड़कें और हर शुक्रवार को लक्ष्मी माँ की पूजा करें।
प्रश्न 5: वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में पूजा घर किस दिशा में होना चाहिए?
Answer: वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में पूजा घर हमेशा उत्तर-पूर्व दिशा यानी ईशान कोण में होना चाहिए। यह दिशा सबसे पवित्र और दैवीय मानी जाती है। इस दिशा में पूजा घर होने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बना रहता है और भगवान की कृपा बनी रहती है। पूजा घर में हमेशा साफ-सफाई रखें और वहाँ जूते-चप्पल पहनकर न जाएं।
प्रश्न 6: घर में कौन से फूल और पौधे रखने से भगवान का वास होता है?
Answer: घर में तुलसी का पौधा सबसे पवित्र माना जाता है। इसके अलावा केले का पेड़, पीले फूल, गेंदे के फूल और कमल का फूल भी घर में सकारात्मकता और दैवीय ऊर्जा लाते हैं। घर के आंगन में तुलसी लगाने से लक्ष्मी माँ का वास होता है। मनी प्लांट भी समृद्धि का प्रतीक माना गया है। ध्यान रहे कि घर में कांटेदार पौधे या काले रंग के फूल नहीं रखने चाहिए।
प्रश्न 7: अगर घर में बार-बार चींटियाँ आएं तो क्या यह शुभ या अशुभ संकेत है?
Answer: वास्तु शास्त्र के अनुसार अगर घर में लाल चींटियाँ आएं तो यह शुभ संकेत माना जाता है क्योंकि ऐसा मानते हैं कि जहाँ अन्न और समृद्धि होती है वहीं चींटियाँ आती हैं। लेकिन अगर काली चींटियों की भरमार हो जाए तो यह घर में किसी परेशानी का संकेत हो सकता है। इस स्थिति में घर की साफ-सफाई पर ध्यान दें और हनुमान चालीसा का पाठ करें।
प्रश्न 8: जब घर में भगवान का वास होता है तो कौन से 11 शुभ संकेत मिलते हैं?
Answer: जब घर में भगवान का वास होता है तो ये 11 शुभ संकेत मिलते हैं। पहला, हाथ से दूध का गिलास अचानक गिर जाना। दूसरा, तुलसी का पौधा अचानक सूख जाना। तीसरा, घर में आने वाले सभी मेहमान खुशी और शांति महसूस करें। चौथा, घर में रात को मीठी खुशबू आना। पाँचवाँ, घर में दीपक की लौ बिना हवा के खुद ही हिलना। छठा, घर के आँगन में पक्षियों का आना। सातवाँ, घर में हमेशा सुख और शांति बनी रहना। आठवाँ, परिवार के सभी सदस्यों का स्वास्थ्य अच्छा रहना। नौवाँ, घर में अचानक धन का आगमन होना। दसवाँ, पूजा के दौरान मन का एकदम शांत और स्थिर हो जाना। ग्यारहवाँ, घर में कभी कोई बड़ी दुर्घटना या संकट न आना और हर मुश्किल का आसानी से हल निकल आना।
प्रश्न 9: क्या घर में नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने का कोई आसान उपाय है?
Answer: जी हाँ, घर में नकारात्मक ऊर्जा दूर करने के कई आसान उपाय हैं। हर शनिवार को घर के कोनों में समुद्री नमक रखें और अगले दिन उसे बाहर फेंक दें। घर में सुबह-शाम कपूर जलाएं। गंगाजल से घर का छिड़काव करें। घर में हनुमान चालीसा या सुंदरकांड का पाठ करें। घर के मुख्य दरवाजे पर नींबू और मिर्ची लटकाएं। इन उपायों से घर की नकारात्मकता दूर होती है और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बढ़ता है।
प्रश्न 10: क्या वास्तु शास्त्र और भगवान के वास का आपस में कोई सीधा संबंध है?
Answer: बिल्कुल, वास्तु शास्त्र और भगवान के वास का सीधा संबंध है। वास्तु शास्त्र एक प्राचीन भारतीय विज्ञान है जो घर की दिशाओं, ऊर्जा के प्रवाह और प्रकृति के पाँच तत्वों जैसे अग्नि, जल, वायु, पृथ्वी और आकाश पर आधारित है। जब घर वास्तु के नियमों के अनुसार बना हो और उसमें सकारात्मक ऊर्जा का सही प्रवाह हो तो ऐसे घर में भगवान का वास होना स्वाभाविक माना जाता है। वास्तु के नियमों का पालन करने से घर में शांति, समृद्धि और दैवीय कृपा बनी रहती है।
Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी हिंदू धार्मिक मान्यताओं, वास्तु शास्त्र और पारंपरिक भारतीय परंपराओं पर आधारित है। इसका उद्देश्य केवल धार्मिक और सांस्कृतिक जानकारी प्रदान करना है। किसी भी जानकारी को अंधविश्वास के रूप में न लें। हर व्यक्ति की आस्था और विश्वास अलग हो सकता है। किसी भी गंभीर समस्या के लिए किसी योग्य विशेषज्ञ या जानकार से परामर्श लेना उचित रहेगा।